एलपीजी गैस वितरण व्यवस्था को सुचारू और पारदर्शी बनाये रखने को लेकर जिले में समीक्षा बैठक आयोजित :डीएम ने संबंधितों को दिये कड़े निर्देश

कटोरिया/बांका। जिला पदाधिकारी, बांका नवदीप शुक्ला एवं पुलिस अधीक्षक, बांका उपेन्द्र नाथ वर्मा की संयुक्त अध्यक्षता में एलपीजी गैस वितरण व्यवस्था को सुचारू एवं पारदर्शी बनाए रखने के उद्देश्य से एक समीक्षा बैठक गूगल मीट के माध्यम से आयोजित की गई। बैठक में जिला आपूर्ति पदाधिकारी, बांका, अनुमंडल पदाधिकारी, को बांका, जिले के सभी प्रखंडों के प्रखंड विकास पदाधिकारी, को प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी, थानाध्यक्षों, एलपीजी एजेंसियों के प्रतिनिधि एवं संबंधित अधिकारियों ने भाग लिया।
बैठक में सर्वप्रथम जिला पदाधिकारी द्वारा जिला आपूर्ति पदाधिकारी से गैस वितरण से संबंधित सभी रिकार्ड लिया गया।
वहीं अनुमंडल पदाधिकारी द्वारा छापामारी अभियान की जानकारी देते हुए बताया गया कि 11 गैस एजेंसियों तथा 51 महत्वपूर्ण स्थानों पर सघन छापामारी की गई।
बैठक के दौरान जिला पदाधिकारी द्वारा स्पष्ट निर्देश दिया गया कि किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो। उन्होंने जिला आपूर्ति पदाधिकारी को गैस वितरण की नियमित एवं सतत समीक्षा करने तथा अनुमंडल पदाधिकारी को लगातार छापामारी अभियान चलाकर कालाबाजारी एवं अवैध भंडारण पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
जिला पदाधिकारी द्वारा प्रखंड विकास पदाधिकारियों को विशेष रूप से निर्देश दिया गया कि प्रवासी श्रमिकों एवं विवाह-शादी के मौसम को ध्यान में रखते हुए एलपीजी गैस की अतिरिक्त मांग का पूर्वानुमान लगाकर समुचित आपूर्ति सुनिश्चित करें, ताकि किसी भी उपभोक्ता को असुविधा न हो। साथ ही, कमर्शियल सिलेंडर के वितरण को विभागीय मानकों एवं निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। इसके अतिरिक्त, पीएनजी कनेक्शन के कार्यों में तेजी लाने हेतु आवश्यक मानव बल बढ़ाने का भी निर्देश दिया गया, ताकि अधिकाधिक उपभोक्ताओं को शीघ्र पाइप्ड गैस की सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।
जिला पदाधिकारी ने सभी संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि एलपीजी गैस वितरण में किसी प्रकार की अनियमितता न हो, यह सुनिश्चित करें तथा कालाबाजारी पर पूर्णतः रोक लगाने हेतु नियमित निरीक्षण एवं छापामारी अभियान जारी रखें, ताकि आम उपभोक्ताओं को समय पर एवं निर्बाध रूप से गैस उपलब्ध हो सके।
जिला पदाधिकारी द्वारा निर्देश दिया गया कि गैस एजेंसियों द्वारा निर्धारित मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर त्वरित कार्रवाई की जाए।
साथ ही, आम नागरिकों से प्राप्त शिकायतों के शीघ्र निवारण हेतु जिला नियंत्रण कक्ष को सक्रिय रखने एवं नियमित निगरानी बनाए रखने पर बल दिया गया, ताकि आम जनता को किसी प्रकार की असुविधा न हो।



