फ़ूड क्राफ्ट संस्थान, देवघर में 12 पीएम श्री विद्यालयों के 500 विद्यार्थियों का शैक्षणिक भ्रमण

देवघर। फ़ूड क्राफ्ट संस्थान, देवघर में जिले के विभिन्न प्रखंडों से आए 12 पीएम श्री विद्यालयों के लगभग 500 छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों ने शैक्षणिक भ्रमण किया। इस भ्रमण का उद्देश्य विद्यार्थियों को होटल मैनेजमेंट पाठ्यक्रम, आतिथ्य उद्योग की कार्यप्रणाली तथा रोजगार के अवसरों से अवगत कराना था। संस्थान आगमन पर सभी छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों का गर्मजोशी से स्वागत किया गया।

कार्यक्रम के दौरान संस्थान की व्याख्याता डॉ. श्वेता नृपेंद्र लिंगवाल ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए होटल मैनेजमेंट के विभिन्न पाठ्यक्रमों, प्रवेश प्रक्रिया, प्रशिक्षण प्रणाली तथा भारत एवं विदेशों में उपलब्ध रोजगार की संभावनाओं पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि होटल उद्योग केवल होटल तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें क्रूज़ लाइन, एयरलाइंस, हॉस्पिटैलिटी सेक्टर, कैटरिंग, हॉस्पिटल मैनेजमेंट एवं पर्यटन उद्योग जैसे अनेक क्षेत्र शामिल हैं।

अपने संबोधन के बाद विद्यार्थियों द्वारा होटल मैनेजमेंट से संबंधित अनेक जिज्ञासाएँ एवं प्रश्न पूछे गए, जिनका डॉ. श्वेता नृपेंद्र लिंगवाल ने सहज, सरल एवं प्रेरणादायक ढंग से उत्तर दिया। इस संवादात्मक सत्र से विद्यार्थियों में करियर को लेकर नई समझ और उत्साह देखने को मिला।

इसके पश्चात सभी छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों ने फ़ूड क्राफ्ट संस्थान, देवघर के संपूर्ण परिसर का भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने प्रशिक्षण किचन, बेकरी, रेस्टोरेंट, हाउसकीपिंग लैब, फ्रंट ऑफिस लैब तथा अन्य आधुनिक उपकरणों को नज़दीक से देखा। विद्यार्थियों को संस्थान में दिए जाने वाले व्यावहारिक प्रशिक्षण की विस्तृत जानकारी दी गई, जिससे वे होटल उद्योग की वास्तविक कार्यशैली को समझ सके।

 

शैक्षणिक भ्रमण के दौरान में संस्थान के प्रधानाचार्य डॉ. नृपेन्द्र सिंह लिंगवाल, प्रशासनिक-सह-लेखा अधिकारी सुरोजीत नामाता, वरिष्ठ व्याख्याता अनुपम आलोक, व्याख्याता डॉ. श्वेता नृपेन्द्र लिंगवाल तथा सहायक व्याख्याता खिलेश पटेल आदि उपस्थित रहे।

इस शैक्षणिक भ्रमण से विद्यार्थियों को होटल मैनेजमेंट एवं आतिथ्य उद्योग के क्षेत्र में व्यावहारिक जानकारी प्राप्त हुई तथा उनके करियर विकल्पों को लेकर नई दिशा मिली। शिक्षकों ने भी इस आयोजन की सराहना करते हुए इसे विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए उपयोगी बताया।

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